सेंसेक्स 1500 अंक गिरकर 74,550 के स्तर पर आया, 4 दिन में 3500 अंक टूटा; IT कंपनियों के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट
भारतीय शेयर बाजार में आज बड़ी गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स करीब 1500 अंक टूटकर 74,550 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि पिछले चार कारोबारी दिनों में बाजार 3500 अंक तक गिर चुका है। सबसे ज्यादा दबाव IT सेक्टर के शेयरों पर देखने को मिला। वैश्विक संकेतों, विदेशी निवेशकों की बिकवाली और मंदी की आशंकाओं ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है।
लेखक
Vinay Mishra

सेंसेक्स 1500 अंक गिरकर 74,550 के स्तर पर आया, 4 दिन में 3500 अंक टूटा; IT कंपनियों के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट
भारतीय शेयर बाजार में आज भारी उथल-पुथल देखने को मिली। सप्ताह के कारोबारी दिन में बाजार खुलते ही बिकवाली का दबाव बढ़ गया और कुछ ही घंटों में सेंसेक्स 1500 अंक तक टूट गया। दिन के अंत तक बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 74,550 के स्तर पर पहुंच गया।
यह गिरावट सिर्फ एक दिन की नहीं है। पिछले चार कारोबारी दिनों में बाजार करीब 3500 अंक तक टूट चुका है, जिससे निवेशकों के करोड़ों रुपये डूब गए हैं। खासतौर पर IT कंपनियों के शेयरों में सबसे ज्यादा बिकवाली दर्ज की गई।
बाजार में आज क्या हुआ?
सुबह बाजार खुलते ही विदेशी संकेत कमजोर दिखाई दिए। अमेरिकी बाजारों में आई गिरावट और एशियाई बाजारों के दबाव का असर सीधे भारतीय बाजार पर देखने को मिला।
शुरुआती कारोबार में ही निवेशकों ने बड़े पैमाने पर शेयर बेचना शुरू कर दिया। इसके बाद सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में तेज गिरावट दर्ज की गई।
प्रमुख आंकड़े:
सेंसेक्स: करीब 1500 अंक टूटा
स्तर: 74,550 के आसपास
निफ्टी: 22,600 के नीचे फिसला
4 दिन में कुल गिरावट: लगभग 3500 अंक
सबसे ज्यादा नुकसान: IT सेक्टर
IT कंपनियों के शेयरों में सबसे बड़ी गिरावट
आज की गिरावट में सबसे ज्यादा दबाव IT सेक्टर पर रहा। बड़ी टेक कंपनियों के शेयरों में भारी बिकवाली देखने को मिली।
जिन IT शेयरों में बड़ी गिरावट:
Infosys
TCS
Wipro
HCLTech
Tech Mahindra
विशेषज्ञों के मुताबिक अमेरिकी अर्थव्यवस्था में मंदी की आशंका बढ़ने से IT सेक्टर पर दबाव बना है। भारतीय IT कंपनियों का बड़ा कारोबार अमेरिका और यूरोप से आता है। ऐसे में ग्लोबल मंदी का डर निवेशकों को बेचैन कर रहा है।
आखिर बाजार में इतनी बड़ी गिरावट क्यों आई?
1. विदेशी निवेशकों की भारी बिकवाली
विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने लगातार भारतीय बाजार से पैसा निकालना शुरू कर दिया है। इससे बाजार में दबाव बढ़ गया।
2. अमेरिकी बाजारों में कमजोरी
अमेरिका में ब्याज दरों को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। इससे वैश्विक बाजारों में डर का माहौल है।
3. IT सेक्टर पर मंदी का खतरा
टेक कंपनियों के कमजोर आउटलुक ने निवेशकों का भरोसा हिलाया है।
4. मुनाफावसूली
पिछले कुछ महीनों में बाजार ने रिकॉर्ड तेजी दिखाई थी। अब निवेशक मुनाफा बुक कर रहे हैं।
निवेशकों को कितना नुकसान?
आज की गिरावट ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। बाजार पूंजीकरण में लाखों करोड़ रुपये की गिरावट दर्ज की गई।
रिटेल निवेशकों के पोर्टफोलियो पर भी इसका सीधा असर पड़ा है। खासकर उन लोगों को ज्यादा नुकसान हुआ है जिन्होंने हाल के दिनों में ऊंचे स्तर पर निवेश किया था।
क्या यह गिरावट आगे भी जारी रह सकती है?
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले कुछ दिनों तक उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।
अगर विदेशी बाजारों में कमजोरी जारी रहती है और FIIs बिकवाली करते रहे, तो भारतीय बाजार पर और दबाव बढ़ सकता है। हालांकि, कुछ विश्लेषकों का कहना है कि लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह गिरावट खरीदारी का मौका भी बन सकती है।
छोटे निवेशकों को क्या करना चाहिए?
विशेषज्ञों की सलाह है कि घबराकर निवेश निकालने की बजाय रणनीति के साथ आगे बढ़ना चाहिए।
एक्सपर्ट सलाह:
एकमुश्त निवेश से बचें
SIP जारी रखें
मजबूत कंपनियों में लंबी अवधि के लिए निवेश करें
अफवाहों के आधार पर ट्रेडिंग न करें
किन सेक्टरों पर सबसे ज्यादा असर?
आज की गिरावट का असर लगभग सभी सेक्टरों पर देखने को मिला, लेकिन सबसे ज्यादा दबाव इन सेक्टरों पर रहा:
IT
बैंकिंग
ऑटो
मेटल
रियल एस्टेट
क्या आम लोगों पर भी पड़ेगा असर?
शेयर बाजार की बड़ी गिरावट का असर सिर्फ निवेशकों तक सीमित नहीं रहता।
अगर बाजार में लंबे समय तक कमजोरी बनी रहती है, तो इसका असर:
म्यूचुअल फंड निवेशकों पर
रिटायरमेंट फंड पर
नई कंपनियों की फंडिंग पर
रोजगार और IT सेक्टर की भर्ती पर भी पड़ सकता है।
बाजार में डर का माहौल, निवेशकों की नजर अब अगले कदम पर
फिलहाल बाजार में डर और अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है। निवेशकों की नजर अब अमेरिकी फेडरल रिजर्व, विदेशी निवेशकों की गतिविधियों और आने वाले कॉर्पोरेट नतीजों पर टिकी हुई है।
अगर वैश्विक संकेत कमजोर बने रहे तो आने वाले कारोबारी सत्रों में बाजार में और दबाव देखने को मिल सकता है।
निष्कर्ष
भारतीय शेयर बाजार के लिए आज का दिन बेहद खराब साबित हुआ। सेंसेक्स 1500 अंक गिरकर 74,550 के स्तर पर पहुंच गया, जबकि चार दिनों में कुल गिरावट 3500 अंक तक पहुंच चुकी है। IT कंपनियों के शेयरों में सबसे ज्यादा बिकवाली ने बाजार की चिंता और बढ़ा दी है। निवेशकों के लिए आने वाले दिन बेहद अहम रहने वाले हैं।
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